प्रदेश के वाहन स्वामियों के लिए खुशखबरी
वाहन स्वामियों को अब रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) को सहेजने के लिए ज्यादा परेशान नहीं होना पड़ेगा। परिवहन विभाग इसका स्वरूप बदलने जा रहा है। डीएल जैसे चिप युक्त स्मार्टकार्ड के रूप में अब आरसी जारी होगा। इस संबंध में परिवहन विभाग के प्रस्ताव को शासन से स्वीकृति मिल गई है। यह सुविधा अप्रैल से शुरू होने की उम्मीद है।स्मार्ट कार्ड में तब्दील होने से रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट के फटने और गलने की आशंका भी खत्म हो जाएगी। अब तक वाहन खरीदने पर आरसी कागज का किया जाता है। इसमें लगी माइक्रो चिप से डुप्लीकेसी रोकने में भी मदद मिलेगी। जरूरत पर पुलिस एवं परिवहन विभाग के अधिकारी आसानी से कार्ड रीडर के जरिये इसकी जांच भी कर सकेंगे। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि स्मार्ट आरसी दो भागों में होगा। पहले भाग में वाहन एवं वाहन स्वामी का ब्योरा होगा। दूसरा भाग कार्ड रीडर मशीन से पढ़ा जाने वाला भाग होगा। इसमें सारा ब्योरा दर्ज होगा। उन्होंने कहा कि स्मार्ट आरसी से वाहन स्वामियों को खासी सहूलियत मिलेगी। साथ ही जांच आदि में भी आसानी होगी।

वाहन स्वामियों को कई बड़े लाभ मिलेंगे
-आरसी के गीले होने, कटने-फटने की समस्या समाप्त होगी।
-डुप्लीकेसी रोकने के लिए माइक्रो चिप में डेटा सुरक्षित रहेगा।
-उच्च गुणवत्ता वाली टिकाऊ आरसी मिलेगी, जिससे दीर्घकालिक उपयोग संभव होगा।
-पुलिस एवं परिवहन अधिकारियों के लिए जांच प्रक्रिया होगी आसान।
-डिजिटलाइजेशन से भ्रष्टाचार पर लगेगी रोक।